तु कितनी भी खुबसुरत क्यूँ ना हो ऐ जिंदगी
हंसते-हंसते कट जाएगी, ये ज़िन्दगी की रात।
सब कुछ तो गिरवी पड़ा है, ज़िम्मेदारी के बाजार में !
दोबारा प्रयास करने से कभी घबराएं नहीं क्योंकि
मैं ज़िंदा तो रहा मगर ज़िंदों में न रहा!
और वक्त हर इंसान का इम्तिहान लेता है।”
खामोश बैठें तो लोग कहते हैं उदासी अच्छी नहीं
किसी की आँखों में हमको भी को इंतजार दिखे।
एक ख्वाहिश थी के जिंदगी तेरे साथ गुजरे
क्योंकि ये शिकायत उसे भी है,जिसे ये जिंदगी सब देती है
“ज़िंदगी वही है जो तुम्हें गिरने के बाद भी उठना सिखाए।”
होंगी ठोकरें, होंगे ग़म, पर मुस्कुराना सीखो,
कोई Life Shayari in Hindi पुछ रहा हैं मुझसे मेरी जिंदगी की कीमत
शामे कटती नहीं और साल गुज़रते चले जा रहे हैं !